संस्कृति/साहित्य

हर रात दिल्ली की सड़कों पर..

                चांदनी सिन्हा. हर रात दिल्ली की सड़कों पर ये आम पहेली होती है हर रोज दिये कई जलते है हर रात इसे बुझाई जाती है हर रात...

बुरे लगते हैं होली में भी द्विअर्थी गाने

डॉ नीतू नवगीत. फागुन के महीने में बसंती बयार और कोयल की कूक के साथ मनाया जाने वाला होली मस्ती का त्यौहार है । यह...

यादों की धरोहर…पत्रकारिता की विरासत

नवीन कुमार मिश्र.            मास्‍टर साहब शर्मा जी की एक लाइन मेरे दिमाग में हमेशा कौंधती रहती है। जब तक अंग्रेजी...

कोरोना को हराना है

कोरोना को हराना है रेल को चलाना है । रेलों से पहुँचेगी आवश्यक सामग्री सब दूर जनता को मिलेगी कोरोना से लड़ने की ताक़त भरपूर । लक्ष्मण रेखा...

दक्षिण में हिन्दी से घृणा नहीं बल्कि अगाध प्रेम,कहा कन्नड़ लेखिका...

सुधीर मधुकर.पटना. दक्षिण भारत में हिन्दी से घृणा नही, अपितु अगाध प्रेम है। केरल और कर्नाटक में तो ललक के साथ हिन्दी सीखी जाती...

मैं हूं गांधी मैदान..

रिंकू पाण्डेय ये क्या बात हुई यार. जब चाहे तब अपनी मर्जी से. किसी वक्त. दिन हो या रात. सुबह हो या शाम. मेरे सीने...

पुस्तक मेला में मंच और अभिनय का समागम

संवाददाता.पटना.समय इंडिया( नई दिल्ली) की ओर से यहां गांधी मैदान में आयोजित 12 दिवसीय राष्ट्रीय पुस्तक मेला में शनिवार का दिन बेहद खास रहा।...

अब विज्ञान की बातें भी होंगी मैथिली भाषा में

संवाददाता.नई दिल्ली. मैथिली भाषियों के लिए अब सहज और सरज भाषा में पुस्तकें प्रकाशित होंगी। उनके लिए पत्रिका, ब्लाग लेखन, टीवी-रेडियो कार्यक्रम का निर्माण...

श्रावणी मेला में भक्ति गीतों की गंगा,नीतू नवगीत ने गाए शिव...

संवाददाता.सुल्तानगंज.बोल बम के नारों से गुंजित वातावरण में रिमझिम फुहारों के बीच श्रावणी मेला महोत्सव में भक्ति गीतों की गंगा भी बही। सोनपुर से...

विश्वसनीयता के संकट में पत्रकारिता

प्रियंका सौरभ. पूरी दुनिया ने पत्रकारिता को अपना एक अभिन्न और खास अंग मना है और साथ ही लोकतंत्र में इसको चौथा स्तंभ के रूप...