पड़ताल
खादी कभी थी आजादी की वर्दी
के. विक्रम राव.
अपने घंटेभर के उद्बोधन में राष्ट्रपति रामनाथ कोविन्द ने 31 जनवरी 2022 को...
सोनिया… और कितने दिन ?
के. विक्रम राव.
वामपंथी, सोनिया—प्रशंसक अंग्रेजी दैनिक ''दि हिन्दू'' में आज (12 मई 2021) कार्टूनिस्ट सुरेन्द्र ने एक चित्र रेखांकित किया है। कांग्रेस कार्य समिति...
नटराज नीतीश की कलाबाजी !
के. विक्रम राव.
नीतीश कुमार परसों तक सुशासन बाबू कहलाते थे। आज (11 अगस्त 2022 से) दुशासन बन गये। दुर्योधन के अनुज के नाम वाले।...
पंद्रह वर्षों बाद फल्गु का रौद्र रूप,मगध में मचाई तबाही
निशिकांत सिंह.साल भर सुखी रहने वाली फल्गु नदी पंद्रह साल बाद मचा रही तबाही. दो दिनों से बिहार के मगध प्रमंडल क्षेत्र में खासकर...
चावल घोटाला-3,अब भूसे पर लाठी पीट रही है सरकार
राकेश प्रवीर.
पटना। सैकड़ों करोड़ का चावल लापता हैं। आखिर ये चावल गए कहां, किसने लूटा? किससे उसकी वसूली होगी? कब होगी? किस तरह होगी? ये सारे सवाल मुंह बाये खड़े...
गरीब बिहार में उपेक्षित है कीमती खनिज भंडार
मो. तसलीम उल हक.डिहरी-ओन-सोन. सन 1960 में स्थापित, एक भारतीय उपक्रम पीपीसीएल अमझोर। जो करोड़ों रूपये की विदेशी मुद्रा की बचत देती थी और...
सोनपुर मेला का घटता आकर्षण
अनूप नारायण सिंह.
विश्व प्रसिद्ध सोनपुर मेला के सामने अस्तित्व का संकट गहराता जा रहा है। पहले हाथी फिर चिड़िया और अब सभी जंगली जानवर...
बिहार चुनाव: फिर हिंसक होने की आशंका
प्रमोद दत्त, पटना।
बिहार में चुनाव के दौरान हिंसा का एक लंबा इतिहास रहा है। बीच के वर्षों में यह प्रवृत्ति कुछ थमी थी। लेकिन...
जानें…झारखंड के आदिवासी बाहुल दामूडीह की बेमिसाल कहानी
हिमांशु शेखर.रांची. झारखंड के पूर्वी सिंहभूम के पोटका प्रखंड का दामूडीह गांव जनजाति बाहुल गांव है, बावजूद वहां शराब पीने वाले को न केवल...
चंपारण सत्याग्रह से भारत छोड़ो आंदोलन तक गांधी की सहयात्री बा
डॉ नीतू नवगीत.
कस्तूरबा गांधी का नाम आते ही दिल में श्रद्धा का भाव आ जाता है। वस्तुतः कस्तूरबा वह बुनियाद थीं जिस पर गांधी...

























